आईची-नागोया / नई दिल्ली: जापान के आईची-नागोया में आयोजित एशियन गेम्स 2026 के 11वें दिन बुधवार, 30 सितंबर 2026 को भारतीय खिलाड़ियों ने अपने अदम्य साहस और सटीक निशानेबाजी से इतिहास रच दिया। तीरंदाजी के कंपाउंड स्पर्धाओं में भारतीय सूरमाओं ने विरोधी टीमों को पछाड़ते हुए एक ही दिन में तीन स्वर्ण पदकों की ऐतिहासिक हैट्रिक पूरी की। मिक्स्ड टीम, महिला टीम और पुरुष टीम—तीनों ही वर्गों में भारतीय तीरंदाजों ने सोने पर अचूक निशाना साधकर दक्षिण कोरिया तथा चीन को मात दी। इसके साथ ही भारतीय महिला हॉकी टीम ने सेमीफाइनल में दक्षिण कोरिया को 2-0 से हराकर फाइनल में प्रवेश किया, जिससे देश की कुल पदक संख्या ऐतिहासिक 60 के पार पहुंच गई।
कंपाउंड तीरंदाजी में भारत का ‘गोल्डन स्वीप’: तीनों स्पर्धाओं में जीते स्वर्ण
The Hindu की विशेष रिपोर्ट के अनुसार, बुधवार का दिन एशियाई खेलों में भारतीय तीरंदाजी के इतिहास का सबसे स्वर्णिम दिन रहा। भारत ने कंपाउंड वर्ग के तीनों टीम मुकाबलों में स्वर्ण पदक जीतकर क्लीन स्वीप किया। मिक्स्ड टीम कंपाउंड स्पर्धा के फाइनल में भारतीय जोड़ी ने दक्षिण कोरियाई टीम को सांस रोक देने वाले शूट-ऑफ में हराकर दिन का पहला स्वर्ण पदक जीता। चार राउंड्स के बाद दोनों टीमें बराबरी पर थीं, लेकिन शूट-ऑफ में भारतीय तीरंदाजों ने परफेक्ट 10 का निशाना लगाकर सोने का तमगा अपने नाम किया।
विमेंस टीम कंपाउंड स्पर्धा के फाइनल में भारतीय महिला तिकड़ी ने चीन की कड़ी चुनौती का सामना किया। इस रोमांचक मुकाबले में भारतीय महिलाओं ने अंतिम तीर तक संयम बनाए रखा और चीन को 238-237 के करीबी अंतर से मात्र 1 अंक से हराकर स्वर्ण पदक जीत लिया। इससे पहले सेमीफाइनल में भारत ने दक्षिण कोरिया को 234-233 से हराया था। वहीं मेन्स कंपाउंड टीम स्पर्धा में साहिल, कुशल और गणेश की तिकड़ी ने शानदार वापसी करते हुए विपक्षी टीम को पस्त कर भारत की झोली में तीरंदाजी का तीसरा स्वर्ण पदक डाल दिया।
एशियन गेम्स 2026: 11वें दिन भारत के पदकों का संपूर्ण ब्योरा
जापान में चल रहे एशियन गेम्स के 11वें दिन (30 सितंबर 2026) भारतीय एथलीटों द्वारा जीते गए प्रमुख पदकों और मुकाबलों का आधिकारिक विवरण नीचे दी गई तालिका में प्रस्तुत है:
| खेल एवं स्पर्धा | भारतीय खिलाड़ी / टीम | प्रतिद्वंद्वी देश | अंतिम स्कोर / परिणाम | जीता गया पदक |
|---|---|---|---|---|
| कंपाउंड तीरंदाजी (मिक्स्ड टीम) | भारतीय मिक्स्ड जोड़ी | दक्षिण कोरिया | टाई के बाद शूट-ऑफ में जीत | स्वर्ण पदक (Gold) |
| कंपाउंड तीरंदाजी (महिला टीम) | भारतीय महिला तिकड़ी | चीन | 238-237 (1 अंक से रोमांचक जीत) | स्वर्ण पदक (Gold) |
| कंपाउंड तीरंदाजी (पुरुष टीम) | साहिल, कुशल और गणेश | विपक्षी टीम | शानदार वापसी के साथ जीत | स्वर्ण पदक (Gold) |
| महिला हॉकी (सेमीफाइनल) | भारतीय महिला हॉकी टीम | दक्षिण कोरिया | 2-0 (एकतरफा मुकाबला) | फाइनल में प्रवेश (रजत पक्का) |
| ग्रीको-रोमन कुश्ती (87 किग्रा) | सुनील कुमार | एशियाई पहलवान | कांस्य पदक मुकाबला जीता | कांस्य पदक (Bronze) |
| मुक्केबाजी (पुरुष 90 किग्रा) | कपिल पोखरिया | सेमीफाइनल मुकाबला | शानदार प्रदर्शन | कांस्य पदक (Bronze) |
| मुक्केबाजी (महिला वर्ग) | प्रिया | सेमीफाइनल मुकाबला | कड़ा संघर्ष | कांस्य पदक (Bronze) |
महिला हॉकी टीम का दबदबा: कोरिया को 2-0 से हराकर फाइनल में प्रवेश
NDTV Sports की कवरेज के मुताबिक, तीरंदाजी रेंज पर पदकों की बरसात के साथ हॉकी मैदान से भी उत्साहवर्धक खबर सामने आई। भारतीय महिला हॉकी टीम ने आक्रामक खेल दिखाते हुए सेमीफाइनल में मजबूत दक्षिण कोरियाई टीम को 2-0 के स्पष्ट अंतर से हराकर फाइनल में जगह बना ली। भारतीय टीम ने शुरुआती मिनटों से ही दक्षिण कोरियाई रक्षापंक्ति पर दबाव बनाए रखा और पेनाल्टी कॉर्नर को गोल में बदलकर बढ़त हासिल की।
भारतीय महिला हॉकी टीम की यह जीत न केवल एशियन गेम्स में उनके लगातार चौथे फाइनल प्रवेश की गाथा है, बल्कि इसके जरिए टीम सीधे लॉस एंजिल्स ओलंपिक 2028 (LA 2028 Olympics) का टिकट कटाने के बेहद करीब पहुंच गई है। एशियन गेम्स में स्वर्ण पदक जीतने वाली हॉकी टीम को सीधे ग्रीष्मकालीन ओलंपिक का कोटा मिल जाता है। पूरी टीम ने इस ऐतिहासिक जीत के बाद मैदान पर तिरंगा लहराते हुए जश्न मनाया और फाइनल में भी स्वर्ण जीतने का संकल्प जताया।
कुश्ती और मुक्केबाजी में भी चमके भारतीय जांबाज: आए कांस्य पदक
तीरंदाजी और हॉकी के अतिरिक्त 30 सितंबर को भारत को कुश्ती और बॉक्सिंग रिंग से भी महत्वपूर्ण पदक हासिल हुए। ग्रीको-रोमन कुश्ती के 87 किलोग्राम भार वर्ग में भारत के अनुभवी पहलवान सुनील कुमार ने लगातार दूसरे एशियाई खेलों में कांस्य पदक जीतने का कारनामा किया। सेमीफाइनल में जापानी पहलवान से हारने के बाद सुनील ने कांस्य पदक के मुकाबले में जोरदार वापसी करते हुए प्रतिद्वंद्वी को पटखनी दी।
वहीं मुक्केबाजी के रिंग में भारत के युवा बॉक्सर कपिल पोखरिया ने पुरुषों के 90 किलोग्राम भार वर्ग में कांस्य पदक जीतकर देश का मान बढ़ाया। कपिल ने टूर्नामेंट में बेहतरीन तकनीक और रक्षात्मक रणनीति दिखाई। महिला मुक्केबाजी में प्रिया ने भी कड़े सेमीफाइनल मुकाबले के बाद कांस्य पदक अपने नाम किया। इन सफलताओं ने साबित किया कि भारतीय एथलीट वैश्विक मंच पर लगातार नई ऊंचाइयां छू रहे हैं।
मेडल टैली 60 के पार: देश भर में जश्न और सोशल मीडिया पर गर्व की लहर
बुधवार शाम तक आए इन शानदार नतीजों के साथ ही एशियन गेम्स 2026 में भारत की कुल पदक तालिका ऐतिहासिक 60 के आंकड़े को पार कर गई। भारत के खाते में अब 10 स्वर्ण, 21 रजत और 29 कांस्य पदक दर्ज हो चुके हैं। तीरंदाजी में एक ही दिन में तीन स्वर्ण पदक जीतने की इस उपलब्धि के बाद सोशल मीडिया पर #AsianGames2026, #ArcherySweep, और #TeamIndia जैसे हैशटैग्स टॉप ट्रेंड में आ गए। देश के प्रधानमंत्री और खेल मंत्री ने सोशल मीडिया पर खिलाड़ियों को हार्दिक बधाई दी और उनके जज्बे को सलाम किया।
निष्कर्ष: ऐतिहासिक प्रदर्शन से नए भारत के खेल युग का उदय
संक्षेप में कहा जाए तो 30 सितंबर 2026 का दिन भारतीय खेल इतिहास में सदैव स्वर्णिम अक्षरों में याद रखा जाएगा। कंपाउंड तीरंदाजी में चीन और दक्षिण कोरिया जैसे परंपरागत दिग्गजों को एक ही दिन में मात देकर क्लीन स्वीप करना इस बात का प्रमाण है कि भारत खेल महाशक्ति के रूप में उभर रहा है। महिला हॉकी टीम का फाइनल में पहुंचना और ओलंपिक क्वालिफिकेशन की दहलीज पर खड़ा होना करोड़ों खेल प्रेमियों के लिए गर्व का क्षण है। आने वाले दिनों में जब अन्य खेलों के फाइनल मुकाबले होंगे, तो पूरे देश को उम्मीद है कि भारतीय दल नए कीर्तिमान स्थापित करते हुए पदकों का शतक लगाने की दिशा में मजबूती से कदम बढ़ाएगा।













